Wayanad Landslide: 30 जुलाई को केरल के वायनाड जिले में हुए भूस्खलन को लेकर आज राज्यसभा में विशेष चर्चा हुई। गृह मंत्री अमित शाह ने इस प्राकृतिक आपदा के कारण जान गंवाने वाले लोगों के शोक संतप्त परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की।
राहत और बचाव कार्यों में तेजी
अमित शाह ने सदन में बताया कि इस भूस्खलन में कई लोगों की जान चली गई और कई लोग घायल हुए हैं। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार राज्य सरकार के साथ मिलकर राहत और बचाव कार्यों में तेजी से काम कर रही है। शाह ने यह भी बताया कि प्रभावित इलाकों में एनडीआरएफ की टीमों को तैनात किया गया है और सभी आवश्यक सहायता प्रदान की जा रही है।
भारी बारिश की संभावना
गृह मंत्री ने सदन को यह जानकारी भी दी कि मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों में भारी बारिश की संभावना जताई है, जिससे और भूस्खलन का खतरा बना हुआ है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे प्रशासन द्वारा जारी की गई सावधानियों का पालन करें और सुरक्षित स्थानों पर रहें।
मुआवजा और पुनर्वास का आश्वासन
शाह ने यह भी कहा कि सरकार इस आपदा के कारण हुए नुकसान का आकलन कर रही है और प्रभावित परिवारों को मुआवजा और पुनर्वास के लिए हर संभव सहायता प्रदान की जाएगी। राज्यसभा में उपस्थित सदस्यों ने भी इस दुखद घटना पर अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं और भूस्खलन पीड़ितों के लिए त्वरित राहत और पुनर्वास की मांग की।
भविष्य के लिए दीर्घकालिक उपायों की मांग
इस चर्चा के दौरान, कई सदस्यों ने भूस्खलन की बढ़ती घटनाओं को रोकने के लिए दीर्घकालिक उपायों पर जोर दिया और पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाने की मांग की। गृह मंत्री अमित शाह ने सदन को आश्वासन दिया कि सरकार इस दिशा में ठोस कदम उठाएगी और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए उचित नीतियां बनाएगी।
