मुख्यमंत्री ने कानून-व्यवस्था को लेकर आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में ये निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि धनतेरस, दीपावली, गोवर्धन पूजा और भैया दूज के दौरान बाजारों, सार्वजनिक स्थानों और पर्यटन स्थलों पर लोगों की आवाजाही बढ़ जाती है। ऐसे में पुलिस की जिम्मेदारी भी बढ़ जाती है।
बाजारों, रेलवे स्टेशन और धार्मिक स्थलों पर बढ़ेगी सुरक्षा
सीएम ने प्रमुख बाजारों, धार्मिक स्थलों, बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात करने के निर्देश दिए। संवेदनशील इलाकों में पैदल गश्त, रात की पेट्रोलिंग और नाकाबंदी बढ़ाने को कहा गया है।
बाजारों में सीसीटीवी कैमरे चालू रखने और व्यापारियों के साथ बैठक कर यातायात व पार्किंग की बेहतर व्यवस्था बनाने के निर्देश भी दिए गए हैं, ताकि त्योहारों के दौरान जाम और अव्यवस्था की स्थिति न बने।
नशा तस्करों और साइबर अपराधियों पर रहेगी नजर
मुख्यमंत्री ने आशंका जताई कि त्योहारों के दौरान पुलिस की व्यस्तता का फायदा नशा तस्कर उठा सकते हैं। इसलिए सक्रिय तस्करों की पहचान कर उनके नेटवर्क को तोड़ने के निर्देश दिए गए हैं।
साइबर अपराधों पर लगाम लगाने के लिए साइबर टीमों को 24 घंटे सक्रिय रखने और शिकायत मिलते ही कार्रवाई करने को कहा गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि पुलिस को साइबर अपराधियों से दो कदम आगे रहकर काम करना होगा।
अफवाह फैलाने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई
संवेदनशील इलाकों में विशेष निगरानी रखने के साथ सोशल मीडिया पर अफवाह, भ्रामक जानकारी और भड़काऊ सामग्री फैलाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए पुलिस सोशल मीडिया विशेषज्ञों की मदद लेगी।
दीपावली से पहले सीएलजी सदस्यों, सीएलजी यूथ और सुरक्षा सखियों के साथ बैठकें भी आयोजित की जाएंगी, ताकि स्थानीय स्तर पर लोगों के सहयोग से शांति और सुरक्षा बनाए रखी जा सके।
पटाखों की दुकानों पर सुरक्षा नियमों का पालन जरूरी
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने पटाखों की अवैध बिक्री और भंडारण रोकने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पटाखों की दुकानों पर सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन कराया जाए और अग्निशमन व्यवस्था पूरी तरह तैयार रखी जाए।
आईजी और एसपी को अपने-अपने जिलों में अपराधों की समीक्षा कर उनकी रोकथाम के लिए प्रभावी योजना बनाने को भी कहा गया है।
कालिका पेट्रोलिंग यूनिट की सीएम ने की तारीफ
बैठक में मुख्यमंत्री ने कालिका पेट्रोलिंग यूनिट के काम की सराहना की। उन्होंने कहा कि इस यूनिट से महिलाओं के खिलाफ अपराधों की रोकथाम में मदद मिल रही है और महिलाओं में सुरक्षा व आत्मविश्वास की भावना बढ़ी है।
इसके साथ ही पर्यटन स्थलों पर सुरक्षा और सुविधाएं बेहतर रखने के निर्देश दिए गए, ताकि राजस्थान आने वाले पर्यटक सुरक्षित महसूस करें और यहां से अच्छा अनुभव लेकर लौटें।
