संजय सिंह का बेरोजगारी पर हमला, युवाओं के रोजगार का मुद्दा उठाया
संजय सिंह ने रोजगार और किसानों से जुड़े वादों को लेकर भाजपा सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि हर साल दो करोड़ नौकरियां देने, किसानों की आय दोगुनी करने और लोगों के खातों में 15 लाख रुपये भेजने जैसे वादे पूरे नहीं हुए। उन्होंने जय शाह को बीसीसीआई में मिली प्रमुख भूमिका का जिक्र करते हुए सवाल उठाया कि नेताओं के परिवारों को बड़े पद मिलते हैं, जबकि युवाओं को रोजगार के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है। उन्होंने युवाओं को गोबर और गोमूत्र से रोजगार तलाशने की सलाह दिए जाने संबंधी बयान पर भी आपत्ति जताई।
अग्निवीर योजना पर संजय सिंह ने उठाए सवाल
AAP सांसद ने अग्निवीर योजना को लेकर भी केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उनका कहना था कि सेना में भर्ती की तैयारी करने वाले युवाओं को चार साल की सेवा के बाद भविष्य की सुरक्षा को लेकर चिंता रहती है। उन्होंने पेंशन और स्थायी सेवा जैसे मुद्दे उठाते हुए भाजपा नेताओं को चुनौती दी कि अगर उन्हें यह योजना सही लगती है, तो वे अपने मंत्रियों, सांसदों और विधायकों के बेटों को भी अग्निवीर योजना के तहत सेना में भेजें।
UP में सरकारी स्कूलों और शिक्षा व्यवस्था पर सरकार को घेरा
संजय सिंह ने उत्तर प्रदेश में सरकारी स्कूलों की स्थिति पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि स्कूल बंद होने से गरीब परिवारों के बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो सकती है। उन्होंने शिक्षा को लोगों के अधिकारों से जोड़ते हुए कहा कि सरकार को स्कूल और अस्पताल बेहतर बनाने पर ध्यान देना चाहिए। दिल्ली में अरविंद केजरीवाल सरकार के स्कूलों, मोहल्ला क्लीनिक और मुफ्त बिजली-पानी की सुविधाओं का जिक्र करते हुए उन्होंने दावा किया कि जनहित की योजनाओं से आम लोगों को राहत दी जा सकती है।
श्मशान-कब्रिस्तान की राजनीति के बजाय विकास पर जोर
डुमरियागंज की जनसभा में संजय सिंह ने भाजपा पर धार्मिक मुद्दों के जरिए राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि जनता को श्मशान और कब्रिस्तान की बहस के बजाय अच्छे स्कूल, कॉलेज, अस्पताल और रोजगार चाहिए। उन्होंने आपसी भाईचारे को देश की तरक्की के लिए जरूरी बताया। साथ ही राम मंदिर निर्माण के लिए जमीन खरीद से जुड़े कथित घोटालों का मुद्दा उठाते हुए सरकार से जवाबदेही की मांग की।
वोटर लिस्ट में गड़बड़ी का आरोप, मतदाताओं से जांच की अपील
संजय सिंह ने मतदाता सूची से नाम हटाए जाने की प्रक्रिया पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश में कई वैध मतदाताओं, खासकर अल्पसंख्यक समुदाय के लोगों के नाम काटे गए हैं। उन्होंने मतदाता सूची में नाम जोड़ने और हटाने की प्रक्रिया पर पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग की। साथ ही लोगों से अपील की कि वे अपने बूथ और गांव की वोटर लिस्ट जांचें, ताकि किसी पात्र मतदाता का नाम सूची से छूट न जाए। इन आरोपों को स्वतंत्र रूप से सत्यापित आंकड़ों के साथ देखना जरूरी है।
इमरान लतीफ को जिताने की अपील, डुमरियागंज में सत्ता परिवर्तन का आह्वान
जनसभा के अंत में संजय सिंह ने डुमरियागंज के लोगों से आगामी विधानसभा चुनाव में AAP के बौद्ध प्रांत अध्यक्ष इंजीनियर इमरान लतीफ का समर्थन करने की अपील की। उन्होंने इमरान लतीफ को जनता के मुद्दों पर संघर्ष करने वाला नेता बताया और कहा कि क्षेत्र में विकास के लिए लोगों को विकल्प चुनना चाहिए।
रैली में जिला अध्यक्ष जलाल चौधरी, जिला महासचिव प्रदीप पांडे, कौशल्या यादव, दुर्गेश चौधरी, रजत चौरसिया, विनय पटेल और पार्टी के अन्य पदाधिकारी, कार्यकर्ता व स्थानीय लोग शामिल हुए। पार्टी ने इस आयोजन को प्रदेश में बदलाव और जनहित के मुद्दों को आगे बढ़ाने की दिशा में अहम बताया।
