राहुल गांधी का बयान: ‘भारत विचारों की बहुलता है’
अमेरिका के दौरे पर पहुंचे कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने टेक्सास में आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) पर कड़ा प्रहार किया। राहुल गांधी ने कहा, “आरएसएस का मानना है कि भारत एक विचार है, जबकि हमारा मानना है कि भारत विचारों की बहुलता है। सभी को यहां अपनी जाति, धर्म, भाषा, परंपरा या इतिहास की परवाह किए बिना अपने सपनों को साकार करने का अधिकार होना चाहिए।”
‘संविधान पर हमला कर रही है बीजेपी’
राहुल गांधी ने लोकसभा चुनाव 2024 की चर्चा करते हुए कहा कि चुनाव के दौरान जनता ने स्पष्ट रूप से महसूस किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी सरकार भारत के संविधान पर हमला कर रही है। उन्होंने कहा, “हम जो भी कह रहे हैं, वह भारत के संविधान में निहित है। आधुनिक भारत की नींव हमारा संविधान है, और लोगों ने चुनाव के दौरान यह साफ समझा कि बीजेपी संविधान का अपमान कर रही है।”
‘भाजपा हमारी भाषा, परंपरा और राज्यों पर कर रही है हमला’
राहुल गांधी ने बीजेपी की नीतियों की आलोचना करते हुए कहा कि भाजपा न केवल भारत के संविधान पर हमला कर रही है, बल्कि भारत की भाषाओं, परंपराओं और राज्यों पर भी प्रहार कर रही है। उन्होंने कहा, “लोगों ने समझा कि बीजेपी हमारे इतिहास, हमारी परंपराओं और यहां तक कि हमारी धार्मिक मान्यताओं पर भी हमला कर रही है। यह संघर्ष संविधान की रक्षा का है।”
‘अभयमुद्रा और निर्भयता का प्रतीक’
राहुल गांधी ने अपने संसद में दिए गए पुराने भाषण का जिक्र करते हुए कहा कि जब उन्होंने अभयमुद्रा (निर्भयता की मुद्रा) का वर्णन किया था, तो यह हर भारतीय धर्म में निहित एक प्रतीक है। उन्होंने कहा, “जब मैंने संसद में अभयमुद्रा का जिक्र किया, तो बीजेपी इसे बर्दाश्त नहीं कर सकी। वे इसे नहीं समझते हैं, लेकिन हम उन्हें समझाने के लिए तैयार हैं।”
‘चुनाव के बाद बीजेपी का डर खत्म हो गया’
राहुल गांधी ने चुनाव परिणामों के बाद का माहौल बताते हुए कहा कि जैसे ही नतीजे घोषित हुए, भारत में किसी के अंदर भी बीजेपी या प्रधानमंत्री का डर नहीं बचा। उन्होंने कहा, “यह एक बड़ी उपलब्धि है कि अब भारत के लोग बीजेपी के भय से मुक्त हो गए हैं और देश में लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं का महत्व फिर से बढ़ गया है।”
