UP News: उत्तर प्रदेश में शारदीय नवरात्र के मौके पर देवी मंदिरों में पूजा-पाठ के साथ महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा, सम्मान और आत्मनिर्भरता का संदेश भी दिया जाएगा। योगी सरकार मिशन शक्ति के तहत शनिवार से सोमवार तक प्रदेश के 26 प्रमुख देवी मंदिरों में तीन दिवसीय सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित कराएगी। इन कार्यक्रमों में पारंपरिक देवी गीतों का गायन और दुर्गा सप्तशती का पाठ होगा। साथ ही स्थानीय कलाकारों को अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका मिलेगा।
मिशन शक्ति के तहत देवी मंदिरों में होंगे विशेष आयोजन
शारदीय नवरात्र की सप्तमी, अष्टमी और नवमी तिथि पर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में शक्ति की उपासना के साथ सामाजिक जागरूकता पर भी ध्यान दिया जाएगा। मंदिरों में देवी गीत गाए जाएंगे और दुर्गा सप्तशती का पाठ होगा। इन आयोजनों के जरिए महिलाओं और बालिकाओं को सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया जाएगा।
सरकार का उद्देश्य धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों को सामाजिक बदलाव से जोड़ना है, ताकि नवरात्र के दौरान बड़ी संख्या में मंदिरों में पहुंचने वाले श्रद्धालुओं तक यह संदेश पहुंच सके।
यूपी के 26 देवी मंदिरों में सांस्कृतिक कार्यक्रम
इन आयोजनों के तहत हर मंदिर में तीन स्थानीय कलाकार अपनी प्रस्तुति देंगे। इस तरह कुल 78 कलाकारों को मंच मिलेगा। इनमें महिला कलाकारों को विशेष अवसर देने पर जोर रहेगा। कलाकार पारंपरिक देवी गीतों और लोक संस्कृति से जुड़ी प्रस्तुतियां देंगे।
लखनऊ के चंद्रिका देवी और संकटा देवी मंदिर के साथ प्रयागराज के अलोपी देवी और ललिता देवी मंदिर में भी कार्यक्रम होंगे। इन चार मंदिरों में कुल 12 कलाकार अपनी कला दिखाएंगे। बाकी चयनित मंदिरों में भी तीन-तीन कलाकार प्रस्तुति देंगे।
पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह ने बताया कार्यक्रम का उद्देश्य
पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि शारदीय नवरात्र आस्था, शक्ति और सांस्कृतिक परंपराओं का पर्व है। सरकार की कोशिश है कि धार्मिक आयोजनों के जरिए महिलाओं और बालिकाओं को सुरक्षा, सम्मान और आत्मनिर्भरता के प्रति जागरूक किया जाए।उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से स्थानीय कलाकारों, खासकर महिला कलाकारों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिलेगा। इससे पारंपरिक देवी गीतों और लोक संस्कृति को बढ़ावा मिलने के साथ कलाकारों की आजीविका को भी सहारा मिल सकता है।
यूपी के इन 26 देवी मंदिरों में होंगे नवरात्र कार्यक्रम
विंध्यवासिनी धाम से लेकर लखनऊ के चंद्रिका देवी मंदिर तक आयोजन
मिशन शक्ति के तहत प्रदेश के अलग-अलग जिलों में स्थित 26 मंदिरों को इन कार्यक्रमों के लिए चुना गया है। इनमें प्रमुख मंदिर शामिल हैं:
- मां विंध्यवासिनी देवी मंदिर — मीरजापुर
- विशालाक्षी मंदिर — वाराणसी
- ज्वाला देवी मंदिर — सोनभद्र
- सीता समाहित स्थल — सीतामढ़ी, भदोही
- अलोपशंकरी देवी मंदिर — प्रयागराज
- ललिता देवी मंदिर — प्रयागराज
- कड़ावासिनी मंदिर — कौशांबी
- देवीपाटन मंदिर — बलरामपुर
- ललिता देवी मंदिर — नैमिषारण्य, सीतापुर
- शाकुंभरी देवी मंदिर — सहारनपुर
- कात्यायनी देवी मंदिर — मथुरा
- मां शीतला चौकिया धाम — जौनपुर
- बेल्हा देवी मंदिर — प्रतापगढ़
- महालक्ष्मी देवी मंदिर — वाराणसी
- चंद्रिका देवी मंदिर — उन्नाव
- देवकाली मंदिर — औरैया
- मां तरकुलहा देवी धाम — गोरखपुर
- मां शीतला माता स्थल — मऊ
- मां सिंह वाहिनी काली देवी मंदिर — चित्रकूट
- गायत्री शक्तिपीठ — हमीरपुर
- बैरागढ़ माता मंदिर — कोंच, जालौन
- कुष्मांडा देवी मंदिर — घाटमपुर
- शीतला माता मंदिर — मैनपुरी
- चामुंडा देवी मंदिर — फिरोजाबाद
- चंद्रिका देवी मंदिर — लखनऊ
- संकटा देवी मंदिर — लखनऊ
नवरात्र में आस्था के साथ स्वावलंबन का संदेश
इन तीन दिनों के कार्यक्रमों में धार्मिक आस्था, लोक संस्कृति और महिला सशक्तीकरण को एक साथ जोड़ने की कोशिश की जाएगी। देवी गीतों और दुर्गा सप्तशती के पाठ के बीच महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और आत्मनिर्भरता का संदेश दिया जाएगा। साथ ही स्थानीय कलाकारों को मंच देकर प्रदेश की पारंपरिक सांस्कृतिक विरासत को आगे बढ़ाने पर जोर रहेगा।
